अभी की स्थिति
13 अक्टूबर 2026: हाई कोर्ट ने और समय देने से मना किया — वसूली (execution) का ख़तरा
| अदालत | दिल्ली हाई कोर्ट + सुप्रीम कोर्ट |
|---|---|
| पक्षकार | Kal Airways Pvt Ltd व Kalanithi Maran बनाम SpiceJet Ltd व Ajay Singh |
| स्थिति | लंबित |
| जोखिम | बड़ा दाँव |
| दाँव पर | ₹144.51 करोड़ जमा (₹194 करोड़ मानी हुई देनदारी) |
| कंपनी / टिकर | BSE: SPICEJET |
| सेक्टर | विमानन |
केस में क्या दाँव पर है
पैसा जमा न होने पर अवॉर्ड लागू (execute) हो सकता है। एयरलाइन ने कोर्ट में कहा कि राहत न मिली तो कामकाज बिगड़ सकता है। अगस्त 2026 में घरेलू बाज़ार हिस्सा सिर्फ़ 1.2% था।
आगे क्या देखें
हाई कोर्ट का execution आदेश और सुप्रीम कोर्ट में अपील।
ताज़ा ख़बरें
- 13 अक्टूबर 2026 · नकारात्मक: SpiceJet को दिल्ली हाई कोर्ट से राहत नहीं। ₹50 करोड़ की पहली किस्त के लिए और समय और ₹94.15 करोड़ टालने की अर्ज़ी ख़ारिज; प्रॉपर्टी के काग़ज़ ज़मानत के तौर पर नहीं माने गए। Dynamite News
पिछली ख़बरों पर शेयर की चाल
- 23 मई 2025: शेयर 4% चढ़ा
केस की पूरी टाइमलाइन
- फ़रवरी 2015मारन ने 58.46% हिस्सेदारी ₹2 में अजय सिंह को दी; वारंट/प्रेफ़रेंस शेयर के लिए ₹679 करोड़ दिए थे।
- 2016मारन दिल्ली हाई कोर्ट गए — O.M.P.(I) 71/2016 और 72/2016।
- 2018मध्यस्थता ट्रिब्यूनल ने मारन को ₹579 करोड़ + ब्याज देने का अवॉर्ड दिया।
- फ़रवरी 2023सुप्रीम कोर्ट ने ₹270 करोड़ की बैंक गारंटी भुनाने और ₹75 करोड़ ब्याज देने का आदेश दिया।
- मई 2024दिल्ली हाई कोर्ट की खंडपीठ ने अवॉर्ड वाला आदेश पलटा, केस वापस भेजा।
- 23 मई 2025दिल्ली हाई कोर्ट ने मारन का ₹1,323 करोड़ हर्जाने का दावा ख़ारिज किया।
शेयर 4% चढ़ा - 19 जनवरी 2026हाई कोर्ट: 6 हफ़्ते में ₹144 करोड़ जमा करो।
- 4 मई 2026हाई कोर्ट ने पुनर्विचार याचिका ख़ारिज की; SpiceJet सुप्रीम कोर्ट गई।
- 19 मई 2026सुप्रीम कोर्ट ने SpiceJet से कहा कि समय बढ़वाने के लिए दिल्ली हाई कोर्ट जाए।
- 13 अक्टूबर 2026जस्टिस विनोद कुमार ने ₹50 करोड़ की पहली किस्त (27 अगस्त तक देनी थी) के लिए और समय देने और ₹94.15 करोड़ टालने से मना किया; प्रॉपर्टी के काग़ज़ को ज़मानत मानने से भी इनकार।
केस नंबर और आधिकारिक लिंक
O.M.P.(I) 71/2016 व 72/2016मूल केस नंबर (2016); अभी का execution मामला इन्हीं पक्षकारों के नाम से दिल्ली हाई कोर्ट में चल रहा है
कोर्ट की साइट पर CAPTCHA होता है, इसलिए सीधा लिंक नहीं बनता। Case Status में केस नंबर या पक्षकार का नाम डालें।
स्रोत
- Dynamite News — 13 अक्टूबर का आदेश
- NewsBytes — और समय से इनकार
- Siasat — पुनर्विचार याचिका ख़ारिज
- Business Standard — शेयर 4% ऊपर
यह जानकारी समाचार रिपोर्टों, कोर्ट आदेशों और कंपनी फ़ाइलिंग पर आधारित है, निवेश सलाह नहीं। कोर्ट की तारीख़ें बदलती रहती हैं, ताज़ा स्थिति आधिकारिक साइट पर देखें। सभी केस को फ़िल्टर करने और वॉचलिस्ट बनाने के लिए होम पेज देखें।